भास्कर न्यूज़ 24/ वीरेंद्र भारद्वाज/दल्लीराजहरा।1 जुलाई 1992 में भिलाई पावर हाऊस पर शांति पूर्ण तरीके से अपने जायज मांगो को लेकर आंदोलन कर रहे निहत्थे मज़दूरों पर पूंजीवाद सरकार की हिसारे में पुलिसकर्मियों द्वारा गोली चलाया गया जिसमें 17 मजदूर साथी शहीद हुए और बाद में 2 साथी में (इलाज के दौरान) शहीद हुए जिसकी याद के जन मुक्ति मोर्चा छत्तीसगढ़ हर वर्ष शहीदों की याद में शहीद दिवस मानते आ रही है, यह आंदोलन नियोगी जी की हत्या के बाद जो लोग (पूंजीपति वर्ग) सोचते थे कि अब मजदूरों की आवाज को कोई नही उठा सकता (दबा दिया गया) उनके मुंह मे तमाचा था और पूंजीपति के इरादे (सोंच) पर मुंह तोड़ जवाब भिलाई के मजदूरों ने यह आंदोलन कर दिया था.जन मुक्ति मोर्चा छत्तीसगढ़ के सैकड़ों कार्यकर्ता साम 5 बजे जन मुक्ति मोर्चा छत्तीसगढ़ के क्रषि कार्यालय में एकत्रित हुई और शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित कर कार्यक्रम की सुरुवात किया गया और उसके बाद कॉ. बसन्त रावटे ने अपनी बात रखी इस शहीद दिवस के कार्यक्रम में जन मुक्ति मोर्चा छत्तीसगढ़ के बसन्त रावटे, याद राम कोर्राम, पवन विश्वकर्मा, रूपा साहू, पुसाउ साहू, भागवत दास, भोमराज, के साथ सैकड़ो कार्यकर्ता उपस्थित थे।Post navigationनिकाय कर्मचारी संघ 5 जुलाई को मुख्यमंत्री निवास का करेंगे घेराव। नगर के वार्ड क्रमांक 7 अंतर्गत आवश्यक सार्वजनिक निर्माण कार्यों को लेकर पार्षद वीरेंद्र साहू ने नगर पालिका अध्यक्ष तोरण लाल साहू को सोपा ज्ञापन।