भास्कर न्यूज़ 24/ वीरेंद्र भारद्वाज/ दल्लीराजहरा। ग्राम धोबेदंड के आश्रित ग्राम दर्राटोला को शासन द्वारा राजस्व ग्राम घोषित किए जाने के बावजूद विभागीय रिकॉर्ड एवं ऑनलाइन पोर्टल पर आज तक राजस्व ग्राम के रूप में दर्ज नहीं किए जाने से ग्रामीणों को राजस्व संबंधी कार्यों में लगातार परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस गंभीर समस्या को लेकर ग्रामवासियों ने भाजपा नेता एवं पूर्व जनपद सदस्य संजय बैस के नेतृत्व में मंगलवार को तहसील कार्यालय पहुंचकर तहसीलदार देवेंद्र नेताम को ज्ञापन सौंपा तथा शीघ्र निराकरण की मांग की।ग्रामीणों ने बताया कि करीब एक वर्ष पूर्व शासन द्वारा दर्राटोला को राजस्व ग्राम का प्रमाण-पत्र जारी किया जा चुका है, लेकिन आज तक कंप्यूटर रिकॉर्ड एवं विभागीय पोर्टल में गांव का नाम राजस्व ग्राम के रूप में अपडेट नहीं किया गया है। इसके कारण नामांतरण, सीमांकन, जाति, निवास, आय प्रमाण-पत्र सहित अन्य राजस्व एवं शासकीय कार्यों में अनावश्यक बाधाएं उत्पन्न हो रही हैं।ग्रामीणों ने अपनी समस्या से भाजपा नेता संजय बैस को अवगत कराया। मामले को गंभीरता से लेते हुए श्री बैस स्वयं ग्रामीणों के साथ तहसील कार्यालय पहुंचे और तहसीलदार देवेंद्र नेताम से विस्तार से चर्चा कर तत्काल ऑनलाइन रिकॉर्ड में सुधार कराने तथा शासन के आदेश का शीघ्र पालन सुनिश्चित करने की मांग की। इस अवसर पर संजय बैस ने कहा कि शासन द्वारा राजस्व ग्राम का दर्जा मिलने के बाद भी यदि विभागीय अभिलेखों में गांव दर्ज नहीं है, तो यह ग्रामीणों के साथ अन्याय है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि दर्राटोला के प्रत्येक ग्रामीण को शासन की योजनाओं एवं राजस्व सुविधाओं का पूरा लाभ मिलना चाहिए और इस विषय में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने प्रशासन से शीघ्र कार्रवाई कर ग्रामीणों को राहत दिलाने की मांग की। तहसीलदार देवेंद्र नेताम ने ज्ञापन प्राप्त कर मामले का शीघ्र परीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई एवं ऑनलाइन रिकॉर्ड में संशोधन कराने का आश्वासन दिया। ज्ञापन सौंपने के दौरान बलवंत साहू, रवि नेताम (अध्यक्ष, जनकल्याण समिति), जोहन भंडारी, देवप्रसाद भंडारी, पूरण करपाल, अंजोरी भंडारी सहित बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।Post navigationपेपर लीक कानून का विरोध कर कांग्रेस ने छात्रों के हितों के साथ किया अन्याय – सागर गनीर, अध्यक्ष भाजयुमो दल्लीराजहरा